जिन्ना राष्ट्रवादी थे: सुदर्शन

पाकिस्तान के संस्थापक जिन्ना पर जसवंत सिंह के बाद अब आरएसएस के पूर्व प्रमुख केएस सुदर्शन ने भी बयान दे डाला है.
मध्यप्रदेश के इंदौर शहर में सोमवार को पत्रकारों से बात करते हुए सुदर्शन के कहा है कि जिन्ना राष्ट्र के प्रति समर्पित थे.
साथ ही उन्होंने कहा कि जिन्ना पहले राष्ट्रवादी थे लेकिन बाद में नाराज़ हो गए और अंग्रेज़ों ने उनके मन में विभाजित राष्ट्र के बीज बो दिए.
क्या वह जिन्ना को धर्मनिरपेक्ष मानते हैं, इस सवाल पर उन्होंने कहा,'' जिन्ना के अनेक रूप हुए हैं, वो कभी लोकमान्य तिलक के साथ थे और पूरी तरह राष्ट्र के प्रति समर्पित थे.''
हालांकि उन्होंने जसवंत सिंह के भाजपा से निष्कासन पर टिप्पणी से करने से साफ़ इनकार कर दिया. उनका कहना था कि ये भाजपा का अंदरूनी मामला है.
सुदर्शन का कहना था कि लालकृष्ण आडवाणी का जिन्ना संबंधी बयान पुरानी बात हो गई है. आडवाणी ने स्पष्टीकरण दे दिया था, उससे संघ संतुष्ट है.
उन्होंने कहा कि वैसे भी इस सिलसिले में सब कुछ भाजपा को ही तय करना है. हमें उस समय जो कहना था, हमने कह दिया था.
सुदर्शन का कहना था कि अगर महात्मा गांधी चाहते, तो देश का विभाजन रोका जा सकता था.


























